दालचीनी के 20 अविश्वसनीय फायदे - Cinnamon Benefits
दालचीनी विश्व में मसालों के रूप में काम में ली जाती है। यह एक पेड़ की छाल होती है। दालचीनी दो प्रकार की होती है : मोटी दालचीनी : दालचीनी लघु, गर्म, तीखी, मधुर, कटु, रूक्ष और पित्तकारक होती है। यह बलगम, गैस, खुजली, अरुचि नाशक एवं दिल के रोग, मूत्राशय के रोग, बवासीर, पेट के कीड़े, पीनस (पुराना जुकाम) मिटाने वाली तथा वीर्य बढ़ाने वाली होती है। पतली दालचीनी : यह मधुर, कड़वी, तीखी, सुगंधित, वीर्यवर्द्धक, शरीर के रंग को सुधारने वाली, वायु, पित्त, मुंह की सूजन और प्यास को मिटाती है। यह पेशाब और मैज यानी की मासिक-धर्म को जारी करती है। धातु को पुष्ट करती है। मानसिक उन्माद यानी कि पागलपन को दूर करती है। इसका तेल सर्दी की बीमारियों और सूजनों तथा दर्दो को शान्त करता है। सिरदर्द के लिए यह बहुत ही गुणकारी औषधि होती है। दालचीनी के विभिन्न रोगों में उपयोग : 1. खांसी: - दालचीनी को चबाने से सूखी खांसी में आराम मिलता है और यदि गला बैठ गया हो तो आवाज साफ हो जाती है। चौथाई चम्मच दालचीनी पाउडर को 1 कप पानी में उबालकर 3 बार पीते रहने से खांसी ठीक हो जाती है तथा बलगम बनना बंद हो जाता है।...