Posts

Showing posts with the label चिकनगुनिया

इन्सेफेलाइटिस उर्फ जापानी बुखार, दिमागी बुखार क्या है, उसके लक्षण व् बचाव के उपाए

Image
गोरखपुर की घटना हमारे देश के लिए अत्यंत दुखद घटना है, इसका मुख्या कारण वह के अस्पताल के जिम्मेदार अधिकारियो का लापरवाह रव्वैया था जिसके कारण  वहाँ  इतने बच्चों व् लोगो की जान चली गई व् दूसरा कारण वहाँ अपने पैर पसारता ( Encephalitis )  इन्सेफेलाइटिस उर्फ जापानी बुखार भी है. इन्सेफेलाइटिस उर्फ जापानी बुखार एक प्रकार दिमागी बुखार है जो वाइरल संक्रमण की वजह से होता है.यह एक खास किस्म के वायरस से द्वारा होता है, जो मच्छर या सूअर के द्वारा फैलते हैं. या यूं कह लें गंदगी से भी यह उत्पन्न हो सकता है.एक बार यह हमारे शरीर के संपर्क आता है, फिर यह सीधा हमारे दिमाग की ओर चला जाता है. दिमाग में जाते ही यह हमारे सोचने, समझने, देखने और सुनने की क्षमता को प्रभावित करता है.यह वायरस सिर्फ छूने से नहीं फैलता.ज्यादातर 1 से 14 साल के बच्चे एवं 65 वर्ष से ऊपर के लोग इसकी चपेट में आते हैं. मेननजाइटिस और एईएस भी एक तरह का मस्तिष्क ज्वर होता है। इस तरह का बुखार पीड़ित व्यक्ति के मस्तिष्क की कार्य प्रणाली या उसकी जागरुकता को 14 दिन में प्रभावित कर देता है। इसका प्रकोप साल के तीन महीने अगस्त, सित...

चिकनगुनिया के दौरान जोड़ों के दर्द को दूर करने के उपाय - Chikungunya

Image
चिकनगुनिया के दौरान जोड़ों के दर्द को दूर करने के उपाय (Remedies For Joint Pain After Chikungunya) चिकनगुनिया हाल के दिनों में तेजी से फैलने वाली बीमारी है। मच्छरों के काटने वाली इस बीमारी के कारण तेज बुखार, खून में प्लेटलेट्स की कमी और जोड़ों में तेज दर्द होता है। चिकनगुनिया के दौरान शरीर में काफी कमजोरी आ जाती है जिस कारण शरीर की विभिन्न जोड़ों में दर्द होता है। जोडों के दर्द का उपाय (Remedies for Joint Pain After Chikungunya in Hindi) चिकनगुनिया के बुखार (Chikungunya Fever) के बाद जोड़ों का दर्द कुछ दिन या सप्ताह तक बना रह सकता है। इससे बचने के लिए निम्न उपाय लाभदायक होते हैं: लहसुन और सजवायन की फली (Garlic and Drum stick) लहसुन और सजवायन की फली चिकुनगुनिया के इलाज के लिए बहुत बढ़िया है। चिकुनगुनिया में जोड़ों में काफी दर्द होता है, ऐसे में शरीर की मालिश किया जाना बेहद जरूरी है। इसके लिए किसी भी तेल में लहसुन और सजवायन की फली मिलाकर तेल गरम करें और इस तेल से रोगी की मालिश करें। लौंग और लहसून का तेल (Clove and Garlic Oil) चिकनगुनिया के दौरान दर्द वाले जोड़ों पर लहसुन को पीसकर उसमें लौंग...